कलेक्ट्रेट कार्यालय सूरजपुर में छात्र युवाओं का हल्ला बोल धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो के नारे से गूंज उठा
छत्तीसगढ़, सूरजपुर

जय जोहार इंडिया TV न्यूज भारत के सबसे लोकप्रिय न्यूज नेटवर्क
कलेक्ट्रेट कार्यालय सूरजपुर में छात्र युवाओं का हल्ला बोल धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो के नारे से गूंज उठा
सूरजपुर (छत्तीसगढ़), 20 जुलाई 2026।
प्रतियोगी परीक्षाओं में बढ़ती अनियमितताओं, पेपर लीक की घटनाओं तथा शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर सोमवार को जिला सूरजपुर के छात्र-युवा संगठनों एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने महामहिम राष्ट्रपति, राज्यपाल छत्तीसगढ़ एवं प्रधानमंत्री के नाम कलेक्टर सूरजपुर के माध्यम से ज्ञापन सौंपा।

इस अवसर पर अग्रसेन चौक (पुराना बस स्टैंड) से कलेक्ट्रेट कार्यालय तक रैली निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र-युवा एवं नागरिक शामिल हुए। शांतिपूर्ण ढंग से आयोजित प्रदर्शन में युवाओं ने तख्तियां एवं महापुरुषों के चित्र लेकर परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग की।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सोशल एक्टिविस्ट एवं पर्यावरण प्रेमी बीपीएस पोया, जिला अध्यक्ष, सर्व आदिवासी समाज युवा प्रभाग, सूरजपुर ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में NEET, UGC-NET, SSC, CBSE जैसी राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं में सामने आई अनियमितताओं एवं पेपर लीक की घटनाओं से लाखों अभ्यर्थियों का भविष्य प्रभावित हुआ है। वहीं छत्तीसगढ़ में CGPSC, व्यापम, शिक्षक भर्ती सहित विभिन्न चयन प्रक्रियाओं में उठे सवालों ने युवाओं के बीच विश्वास का गंभीर संकट उत्पन्न कर दिया है।

उन्होंने कहा कि दिल्ली के जंतर-मंतर में चल रहे आंदोलन का समर्थन करते हुए सूरजपुर के युवा भी शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, निष्पक्षता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक मूल्यों पर आधारित है, जिसका उद्देश्य युवाओं के भविष्य की सुरक्षा एवं परीक्षा प्रणाली में विश्वास बहाल करना है।

पोया ने आगे कहा कि लोकतंत्र को मजबूत करना प्रत्येक नागरिक का दायित्व है तथा शिक्षा और रोजगार से जुड़े मुद्दों पर सभी को दलगत राजनीति से ऊपर उठकर युवाओं के हित में आवाज उठानी चाहिए। उन्होंने सरगुजा-बस्तर जैसे आदिवासी बहुल क्षेत्रों में प्रतियोगी परीक्षाओं के केंद्र स्थापित करने की मांग भी की।

ज्ञापन में परीक्षा प्रणाली को पूर्णतः पारदर्शी एवं सुरक्षित बनाने, पेपर लीक में संलिप्त दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई, सभी अनियमितताओं की स्वतंत्र एवं समयबद्ध जांच तथा प्रभावित अभ्यर्थियों को न्याय दिलाने की मांग की गई। इसके साथ ही प्रश्नपत्र सुरक्षा, डिजिटल एन्क्रिप्शन, परीक्षा केंद्रों की निगरानी, बायोमेट्रिक सत्यापन एवं आधुनिक तकनीक के उपयोग से परीक्षा प्रणाली को सुदृढ़ करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया।इस दौरान सर्व आदिवासी समाज युवा प्रभाग, आदिवासी युवा छात्र संगठन एवं अन्य संगठनों के पदाधिकारी, सामाजिक कार्यकर्ता तथा बड़ी संख्या में छात्र-युवा एवं नागरिक उपस्थित रहे।

सर्व आदिवासी समाज युवा प्रभाग से शिव प्रताप सिंह आयाम (ब्लॉक अध्यक्ष, सूरजपुर), गुलाब सिंह नेताम (ब्लॉक अध्यक्ष, रामानुजनगर), विनय पावले (ब्लॉक अध्यक्ष, भैयाथान), अंजली सिंह आयाम (ब्लॉक सचिव, प्रतापपुर), महेश सोनपाकर (मीडिया प्रभारी, भैयाथान), लाकेश्वर मरावी (ब्लॉक अध्यक्ष, भैयाथान), प्रमोद सिंह मरावी (कार्यकारिणी अध्यक्ष, रामानुजनगर) एवं योगेश सिंह टेकाम (सह मीडिया प्रभारी, रामानुजनगर) शामिल रहे।

आदिवासी युवा छात्र संगठन (AYSU) से अशोक पैकरा (प्रदेश अध्यक्ष, छत्तीसगढ़), आनंद मरकाम (जिला अध्यक्ष, सूरजपुर), कृष्णनारायण प्रताप चेरवा (संरक्षक) एवं दिनेश सिंह उर्रें (ब्लॉक उपाध्यक्ष, रामानुजनगर) उपस्थित रहे।
गोंड महासभा इकाई रामानुजनगर से आनंद सिंह उईके (मीडिया प्रभारी) की उपस्थिति रही।
सामाजिक कार्यकर्ताओं में राजा सिंह टेकाम सहित नेहा सिंह, संदीप कुशवाहा, संतलाल उर्रे, अजय पावले, शिवम पैकरा, प्रदीप पैकरा, सुनील मरावी, सुमित पैकरा, अनुराग रक्सेल, दीपक धुर्वे, राजू चेरवा, पंकज सिंह, राकेश साहू, दीक्षित सिंह, माधुरी मरकाम एवं दुर्गा प्रसाद मरकाम, मंजू सिंह टेकाम,कवि राजवाड़े, रितांजली आयाम, उमेश साहू सहित अन्य नागरिक उपस्थित रहे।।



